लॉग इन करें
This site is not collecting any personalized information for ad serving or for personalization. We do not share any information/cookie data about the user with any third party.OK  NO

आओ, सेक्स की बात करें

12 फ़रवरी को सेक्शुअल रीप्रोडक्टिव हेल्थ अवेयरनेस डे मनाया जाता है। लेकिन सवाल उठता है कि जिस देश में टीनएज प्रैग्नेंसी और सेक्शुअल एब्यूज़ के इतने मामले सामने आते हैं, क्या उसमें जेंडर इक्वैलिटी, कंसेंट के महत्व और सेक्स के दायरों पर फ़ोकस करने वाला एक करिक

इंडिया में सेक्स एजुकेशन एक बहुत ही कंट्रोवर्शियल विषय है। इसे भारतीय मूल्यों को ठेस पहुंचाने वाला भी माना जाता है और आम धारणा यह है कि इससे समाज में अश्लीलता फैलेगी और ख़तरनाक सेक्स बिहेवियर बढ़ेगा। इससे भी बढ़कर चिंता यह जताई जाती है कि तब तो सभी सेक्स के बारे में बातें करने लगेंगे।

लेकिन अगर प्रैक्टिकली सोचें तो हर टीनएजर के सेक्स को लेकर अपने सवाल और कंफ़्यूज़न होते हैं, लेकिन उनके पास इनके जवाब देने वाले भरोसेमंद सोर्स नहीं होते। तब वो पोर्न जैसे ग़लत सोर्स से जानने की कोशिश करते हैं। अगर आपको लगता है कि आप भी सेक्स को लेकर कंफ़्यूज़्ड हैं तो आपको यह करना चाहिए।

सबसे पहले तो किसी टीनएजर साथी से सेक्शुअल एडवाइस मत लीजिए, क्योंकि बहुत सम्भव है वो ख़ुद उन सवालों से जूझ रहा हो। इसके बजाय पैरेंट्स या उन टीचर्स से बात कीजिए, जिनके साथ आपकी अच्छी अंडरस्टैंडिंग है।

अनेक टीन्स सेक्स के बारे में बातें करने को ऑकवर्ड पाते हैं। अगर आप भी उनमें से हैं इस विषय पर अच्छी किताबें, लेख और वीडियोज़ की मदद लीजिए। यह ध्यान रखिए कि ये सोर्सेस ऑथेंटिक हों और उनका मक़सद एजुकेशन देना हो, इंटरटेनमेंट देना नहीं।

अगर आप इस बारे में अपने पैरेंट्स से बात करने का सोच रहे हैं तो अपने एप्रोच को कैज़ुअल रखिए। इसे बहुत गम्भीर मत बनाइए। कुकिंग, कार वॉशिंग, वॉकिंग द डॉग जैसी रोज़मर्रा की चीज़ों को करते समय इस बारे में बात करना बेहतर होगा।

अगर आपको लगता है कि इस विषय पर बात करना आपके लिए एम्बैरेसिंग है तो अपने आसपास मौजूद क्यूज़ का इस्तेमाल कीजिए। टेलीविज़न पर दिखाए जा रहे रोमैंटिक सीन्स बात शुरू करने का एक अच्छा बहाना हो सकते हैं। आप एक सीधा-सा सवाल पूछ सकते हैं कि अगर आपने मुझे ऐसी सिचुएशन में पाया तो मुझे क्या करना चाहिए? किसी हाइपोथेटिकल सिचुएशन पर जनरल बातचीत एक बेहतर स्टार्टिंग पॉइंट है। और इससे आपको और आपके पैरेंट्स को अपनी थॉट्स और बिलीफ़्स को एक्सप्रेस करने का एक मौक़ा भी मिलेगा।

यदि आपके पास भी हमसे शेयर करने के लिए कोई कहानी है तो हमें यहां , ईमेल करें

यदि आपके पास कोई सवाल हैं, तो हमें यहां , ईमेल करें

आप क्लिक करके काउंसलर से भी बात कर सकते हैं टीनटॉक एक्सपर्ट चैट.

Comments

अगली कहानी


क्या मास्टरबेशन का हम पर बुरा असर होता है?

आपने कई बार सुना होगा कि मास्टरबेशन का कोई असर आपकी ग्रोथ पर नहीं पड़ता है। ये सच भी है। लेकिन यह कब नुक़सान देने वाला हो जाता है, इसके बारे में अधिक जानने के लिए पढ़िए…
Gousiya Teentalkindia Content Writer

कई रिसर्च यह सजेस्ट करते हैं कि मास्टरबेशन का कोई संबंध युवाओं की हाइट और ग्रोथ से नहीं है। वे यह भी दावा करते हैं कि मास्टरबेशन नुकसानदायक नहीं है, अगर इसे सही ढंग से और सेहतमंद तरीके से किया जाए। यदि इसे सिर्फ तनाव से बचने के लिए किया जाता है, या फिर पोर्न देखने के लिए करते हैं, तो यह आपकी सेक्स समस्याओं  जैसे प्रीमेच्योर इजेक्युलेशन और इरेक्टाइल डिस्फंक्शन के खतरे को बढ़ा सकता है। ये स्वास्थ्य समस्याएं मास्टरबेशन के गलत तरीके से जुड़ी होती हैं। 

जहां तक ​​मास्टरबेशन की फ्रिक्वेंसी का संबंध है, इसकी ऐसी कोई तय फ्रिक्वेंसी नहीं होती है, जिसे स्वस्थ माना जाता हो। हालांकि, अत्यधिक मास्टरबेशन से आपके स्वास्थ्य पर हानिकारक प्रभाव पड़ना तय है क्योंकि यह नॉर्मल टेस्टोस्टेरोन के स्तर को प्रभावित करेगा, जो ग्रोथ पर असर डाल सकता है। इससे आपकी एग्रेशन कुछ कम होती है, जिसकी जिम में वर्कआउट करते समय ज़रूरत होती है। वेट लिफ्टिंग और अन्य एक्टिविटीज़ के लिए मसल्स पावर की ज़रूरत होती है, जो टेस्टोस्टेरोन से आती है।


एक रिसर्च के अनुसार एक सप्ताह तक मास्टरबेशन बिल्कुल न करने से टेस्टोस्टेरोन के स्तर में 145 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। हालांकि, दुःख की बात यह है कि 8वें दिन से स्तर में अपने आप कमी आना शुरू हो गई। संक्षेप में, मास्टरबेशन कभी भी आपकी फ़िज़िकल एक्टिविटी पर बहुत अधिक असर नहीं डालेगा, यह पूरी तरह से आप पर निर्भर है कि आप इसे करना चाहते हैं या नहीं, लेकिन यह आपके स्टैमिना को ज़रूर कम कर देगा।

यदि आपके पास भी हमसे शेयर करने के लिए कोई कहानी है तो हमें यहां , ईमेल करें

यदि आपके पास कोई सवाल हैं, तो हमें यहां , ईमेल करें.

आप क्लिक करके काउंसलर से भी बात कर सकते हैं टीनटॉक एक्सपर्ट चैट.

टिप्पणियाँ

कॉपीराइट टीनटॉक 2018-2019
डिस्क्लेमर : टीनटॉकइंडिया आपातकालीन सेवाएं नहीं प्रदान करता है और न ही यह किसी तरह की आपदा में हस्तक्षेप करने वाला कोई केंद्र है। अगर आप या आपका कोई मित्र या परिचित गहरे अवसाद के दौर से गुज़र रहा है, या उसके मन में आत्महत्या या स्वयं को नुक़सान पहुंचाने वाले विचार आ रहे हैं तो कृपया निकटस्थ अस्पताल या आपातकालीन/आपदा प्रबंधन सेवा केंद्र या हेल्पलाइन से सम्पर्क करें।